ठाणे में टीईटी पेपर लीक के दो मुख्य आरोपी गिरफ्तार
विशेष जांच दल ने तकनीकी और वित्तीय सबूतों से आरोपितों का पता लगाया
ठाणे पुलिस ने महाराष्ट्र शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) पेपर लीक मामले में दो मुख्य आरोपितों को बीड और बिहार से गिरफ्तार किया है। जांच में एक अंतरराज्यीय परीक्षा धोखाधड़ी नेटवर्क का खुलासा हुआ है और कुल 18 आरोपितों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
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ठाणे। महाराष्ट्र शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) के पेपर लीक मामले में ठाणे पुलिस ने दो मुख्य आरोपितों को बीड और बिहार से गिरफ्तार किया है। पुलिस के विशेष जांच दल (एसआईटी) ने तकनीकी खुफिया जानकारी, वित्तीय लेनदेन और लोकेशन लॉग के आधार पर इन आरोपितों का पता लगाया।
ठाणे शहर पुलिस और भिवंडी डिवीजन के अधिकारियों के नेतृत्व में की गई जांच में महाराष्ट्र, बिहार, उत्तर प्रदेश और दिल्ली तक फैले व्यापक अंतरराज्यीय परीक्षा धोखाधड़ी नेटवर्क का खुलासा हुआ। पुलिस ने कोंगांव इलाके में अपने कर्मियों को ग्राहक बनाकर जाल बिछाया और संदिग्धों को हिरासत में लिया। इस दौरान चार सेट प्रश्नपत्र जब्त किए गए, जिनकी जांच महाराष्ट्र राज्य परीक्षा परिषद ने की और पुष्टि की कि वे वास्तविक प्रश्नपत्र से मेल खाते हैं।
ठाणे पुलिस द्वारा दायर आरोपपत्र के मुताबिक, दो कर्मचारियों ने आगरा की एक प्रिंटिंग प्रेस से प्रश्नपत्र निकालकर महज 8,000 रुपये में उन्हें जूते के तलवों के भीतर छिपाकर बाहर भेजा था। शुक्रवार को भिवंडी की स्थानीय अदालत में दाखिल आरोपपत्र में 18 आरोपियों के नाम शामिल हैं।
इन आरोपितों में कथित मुख्य आरोपी बिजेंद्र गुप्ता भी है, जिसका नाम ओडिशा में पेपर लीक मामले में पहले सामने आ चुका है। आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धोखाधड़ी, आपराधिक विश्वासघात और आपराधिक साजिश से संबंधित धाराओं के साथ-साथ परीक्षा में कदाचार और अनुचित साधनों से संबंधित महाराष्ट्र के कानूनों के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस अधिकारी ने बताया कि प्रकाश मिसाल और अशोक साव की गिरफ्तारी के साथ चार्जशीट में नामजद सभी 18 आरोपितों को गिरफ्तार किया जा चुका है। उन्होंने कहा, "दोनों संदिग्धों साव और मिसाल का पुलिस के विशेष जांच दल ने तकनीकी खुफिया जानकारी, वित्तीय लेनदेन के रिकॉर्ड और लोकेशन लॉग के जरिये पता लगाया।"
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- टीईटी पेपर लीक मामले में पुलिस ने कैसे आरोपितों का पता लगाया?
- पुलिस ने तकनीकी खुफिया जानकारी, वित्तीय लेनदेन और लोकेशन लॉग का उपयोग किया।
- पेपर लीक में मुख्य आरोपी का नाम और उसकी पिछली संलिप्तता क्या है?
- मुख्य आरोपी बिजेंद्र गुप्ता है, जिसका नाम ओडिशा के पेपर लीक मामले में भी सामने आया।
- आरोपितों के खिलाफ कौन-कौन से कानूनी धाराएँ लागू की गई हैं?
- धोखाधड़ी, आपराधिक विश्वासघात, आपराधिक साजिश और महाराष्ट्र के परीक्षा में कदाचार संबंधी कानूनों के तहत मामला दर्ज है।
- क्या सभी आरोपित गिरफ्तार हो चुके हैं?
- हां, पुलिस अधिकारी ने बताया कि सभी 18 नामजद आरोपित गिरफ्तार कर लिए गए हैं।
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