आयरन-फोलिक एसिड सीरप के सैंपल फेल, सप्लाई पर रोक
उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के अस्पतालों में गुणवत्ताविहीन सीरप मिलने पर बचा स्टॉक लौटाने के निर्देश
उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के अस्पतालों में सप्लाई किए गए आयरन-फोलिक एसिड सीरप के एक बैच के सैंपल जांच में फेल पाए गए हैं, जिसके कारण वितरण पर रोक लगा दी गई है। स्वास्थ्य विभाग ने संबंधित बैच का स्टॉक वापस लेने और वितरण न करने के निर्देश जारी किए हैं।
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उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के अस्पतालों में सप्लाई होने वाले आयरन एवं फोलिक एसिड सीरप के एक बैच के सैंपल जांच में फेल पाए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग ने संबंधित बैच का वितरण रोकते हुए बचा हुआ स्टॉक वापस लेने के निर्देश जारी किए हैं।
उत्तराखंड की कोटेक हेल्थकेयर लिमिटेड द्वारा सप्लाई किए गए इस सीरप के सैंपल तीन अलग-अलग लैब में जांच के लिए भेजे गए थे, जिनमें दो लैब की रिपोर्ट फेल आई। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने प्रदेश के सभी जिलों के मुख्य चिकित्सा अधिकारियों, निदेशकों और सीएमओ को इस बैच का सीरप मरीजों को न बांटने के निर्देश दिए।
उत्तर प्रदेश मेडिकल सप्लाईज कारपोरेशन ने बाराबंकी, हाथरस, मऊ, मुरादाबाद, रायबरेली, सहारनपुर, श्रावस्ती, सिद्धार्थनगर, सीतापुर, सोनभद्र और सुल्तानपुर के वेयरहाउस से इस बैच के वितरण पर रोक लगा दी है। कॉरपोरेशन के महाप्रबंधक (गुणवत्ता नियंत्रण) ने वेयरहाउस प्रभारियों को फेल हुए बैच का स्टॉक अलग रखने और वितरण न करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही लापरवाही पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
यदि किसी अस्पताल के स्टोर में बचा हुआ सीरप मिलता है तो उसका वितरण तुरंत रोककर बची मात्रा वेयरहाउस को लौटाने के आदेश हैं। अगस्त में दोबारा भेजे गए सैंपल की रिपोर्ट भी फेल आई, जिसके बाद संबंधित बैच के सीरप के वितरण पर रोक लगाई गई।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- उत्तर प्रदेश मेडिकल सप्लाईज कारपोरेशन ने क्या कार्रवाई की?
- उन्होंने संबंधित जिलों के वेयरहाउस से इस बैच के वितरण पर रोक लगा दी और फेल स्टॉक अलग रखने के निर्देश दिए।
- क्या अस्पतालों को भी सीरप का वितरण रोकने को कहा गया है?
- हां, अस्पताल स्टोर में बचा हुआ सीरप मिलते ही उसका वितरण रोककर वेयरहाउस को लौटाने के आदेश दिए गए हैं।
- क्या फेल रिपोर्ट के बाद कोई चेतावनी भी दी गई?
- हां, गुणवत्ता नियंत्रण महाप्रबंधक ने लापरवाही पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है।
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