दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव में 20 उम्मीदवार मैदान में
18 सितंबर को मतदान, अध्यक्ष पद पर ABVP, NSUI और AISA के बीच मुकाबला
दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव 18 सितंबर को होंगे, जिसमें अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सचिव और संयुक्त सचिव के लिए 20 उम्मीदवार मैदान में हैं। अध्यक्ष पद के मुख्य उम्मीदवार ABVP के यश डबास, NSUI के विजय शंकर मीना और AISA-SFI की अनन्या रतूड़ी हैं। चुनाव में छात्र आवास, हॉस्टल सुरक्षा और फायर सेफ्टी जैसे मुद्दे प्रमुख हैं।
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दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (DUSU) के चुनाव 2026 के लिए मतदान 18 सितंबर को होगा और मतगणना 19 सितंबर को होगी। इस बार अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सचिव और संयुक्त सचिव के चार केंद्रीय पदों के लिए कुल 20 उम्मीदवार मैदान में हैं। अध्यक्ष पद पर सबसे बड़ा मुकाबला है।
अध्यक्ष पद के लिए अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने यश डबास को अपना उम्मीदवार बनाया है। डबास दिल्ली के कांझावला इलाके के रहने वाले हैं और विश्वविद्यालय के बौद्ध अध्ययन विभाग में मास्टर्स कर रहे हैं। ABVP के अनुसार वे अंतरराष्ट्रीय स्तर के टेनिस मुकाबलों में हिस्सा ले चुके हैं। उनका मुकाबला नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया (NSUI) के विजय शंकर मीना और ऑल इंडिया स्टूडेंट एसोसिएशन (AISA) एवं स्टूडेंट फेडरेशन ऑफ इंडिया (SFI) की संयुक्त उम्मीदवार अनन्या रतूड़ी से है। NSUI के अनुसार अनन्या का फोकस छात्र अधिकार, सामाजिक न्याय और लोकतांत्रिक प्रतिनिधित्व से जुड़े मुद्दों पर रहा है। वे छात्र आंदोलनों, विशेषकर कैंपस में महिलाओं की सुरक्षा और यौन उत्पीड़न से जुड़े मामलों में सक्रिय रही हैं।
इस चुनाव का खास चेहरा स्टैंजिन डेस्क्यॉन्ग हैं, जो लद्दाख की हिंदू कॉलेज में एमएससी गणित की छात्रा हैं और रामजस कॉलेज छात्रसंघ की उपाध्यक्ष रह चुकी हैं। यह पहली बार है जब लद्दाख की एक छात्रा केंद्रीय पैनल में चुनाव लड़ रही हैं।
लक्ष्य राज सिंह, जो कैंपस लॉ सेंटर में कानून की पढ़ाई कर रहे हैं, ABVP के उम्मीदवार हैं। वे एशियन गेम्स और वर्ल्ड चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं।
इस बार चुनाव में कई उम्मीदवार निर्दलीय और अन्य पृष्ठभूमि से भी मैदान में हैं।
मतदान इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) के जरिए होगा। 2025 में कुल मतदान प्रतिशत लगभग 39.4% था।
छात्रों के लिए हॉस्टल, पीजी और छात्र आवास का मुद्दा चुनाव का केंद्र बना हुआ है। हाल ही में सत्या निकेतन में इमारत गिरने की घटना में सात लोगों की मौत हुई थी, जिनमें पांच छात्र थे। इस घटना के बाद विश्वविद्यालय में सुरक्षित और किफायती आवास की मांग तेज हुई है। हॉस्टल और पीजी में फायर सेफ्टी ऑडिट जैसे मुद्दे भी चुनाव में चर्चा में हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के उम्मीदवार यश डबास के बारे में क्या खास है?
- यश डबास दिल्ली के कांझावला के रहने वाले हैं और वे विश्वविद्यालय के बौद्ध अध्ययन विभाग में मास्टर्स कर रहे हैं। वे अंतरराष्ट्रीय स्तर के टेनिस मुकाबलों में हिस्सा ले चुके हैं।
- अनाथ्या रतूड़ी ने छात्र अधिकारों के लिए क्या काम किया है?
- अनन्या रतूड़ी छात्र आंदोलनों में सक्रिय रही हैं, खासकर कैंपस में महिलाओं की सुरक्षा और यौन उत्पीड़न के मामलों पर काम किया है।
- लक्ष्य राज सिंह की खेलों में क्या उपलब्धि है?
- लक्ष्य राज सिंह एशियन गेम्स और वर्ल्ड चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं।
- छात्रों के मुख्य चुनावी मुद्दे क्या हैं?
- छात्रों का मुख्य चुनावी मुद्दा हॉस्टल, पीजी और छात्र आवास की सुरक्षा और किफायती व्यवस्था है, खासकर फायर सेफ्टी ऑडिट पर ध्यान दिया जा रहा है।
- इस बार चुनाव में लद्दाख की छात्रा का क्या महत्व है?
- स्टैंजिन डेस्क्यॉन्ग लद्दाख की पहली छात्रा हैं जो केंद्रीय पैनल में चुनाव लड़ रही हैं और वे हिंदू कॉलेज की एमएससी गणित की छात्रा हैं।
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