गोरखपुर में विनोद तावड़े ने संजय निषाद से की मुलाकात, समाजिक मुद्दों पर चर्चा
भाजपा प्रदेश प्रभारी विनोद तावड़े ने निषाद पार्टी अध्यक्ष से आरक्षण और मुकदमों पर बात की
भाजपा के प्रदेश प्रभारी विनोद तावड़े ने गोरखपुर में निषाद पार्टी अध्यक्ष संजय निषाद से मुलाकात कर सामाजिक और राजनीतिक मुद्दों पर चर्चा की। उन्होंने आरक्षण, मुकदमों की वापसी, और संगठन की सक्रियता बढ़ाने जैसे विषयों पर बातचीत की। आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर दोनों पक्षों ने सहयोग और समन्वय बढ़ाने पर जोर दिया।
AI-निर्मित सार · पूरी ख़बर से पुष्टि करें
भाजपा के प्रदेश प्रभारी विनोद तावड़े ने गोरखपुर में कैबिनेट मंत्री और निषाद पार्टी अध्यक्ष संजय निषाद से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने राजनीतिक विषयों के साथ समाज से जुड़े मुद्दों पर गहन चर्चा की।
विनोद तावड़े शुक्रवार देर शाम संजय निषाद के आवास पर पहुंचे, जहां उन्होंने पुष्पगुच्छ और स्मृति चिह्न भेंट कर स्वागत किया। मुलाकात में सहयोगी दलों के बीच समन्वय के साथ निषाद समाज से जुड़े कई मुद्दों पर चर्चा हुई। संजय निषाद ने आरक्षण से जुड़े विषयों पर सामाजिक न्याय मंत्रालय से पहल कराने की मांग रखी। उन्होंने मजवार और तुरहा समुदाय को परिभाषित करने और उन्हें संबंधित सुविधाएं उपलब्ध कराने का विषय भी उठाया।
संजय निषाद ने आंदोलन के दौरान रेलवे की ओर से कार्यकर्ताओं पर दर्ज मुकदमों को वापस कराने का मुद्दा भी उठाया। कसरवल कांड में निषाद कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों के खिलाफ पुलिस ने 302 के तहत मुकदमा दर्ज किया था, जिसे वापस लेने की मांग की गई। पार्टी कार्यकर्ताओं के आयोगों में समायोजन की भी बात हुई।
प्रदेश प्रभारी विनोद तावड़े ने गोरखपुर क्षेत्र के 62 विधानसभा क्षेत्रों में संगठन की सक्रियता बढ़ाने के लिए सभी स्तरों पर समन्वित प्रयास करने का आह्वान किया। उन्होंने पदाधिकारियों से संगठनात्मक अनुशासन के साथ निरंतर जनसंपर्क बनाए रखने और पार्टी अभियानों को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाने को कहा।
विनोद तावड़े ने कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारी किसी एक व्यक्ति या स्तर की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि यह संगठन के प्रत्येक पदाधिकारी, कार्यकर्ता और जनप्रतिनिधि के सामूहिक प्रयास का विषय है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से बूथ स्तर तक योजनाओं और अभियानों को पहुंचाने की जिम्मेदारी गंभीरता से निभाने को कहा।
मुलाकात में चौरीचौरा से भाजपा विधायक सरवन निषाद, पूर्व सांसद प्रवीण निषाद और अमित निषाद भी मौजूद थे। प्रदेश प्रभारी के सामने भाजपा के पूर्व पदाधिकारी ने प्रशासनिक अधिकारियों से सहयोग न मिलने की बात कही और कहा कि अधिकारी वाजिब कार्यों को नजरअंदाज कर रहे हैं।
उत्तर प्रदेश में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव की तैयारियों में जुटी भाजपा अपने सहयोगी दलों से तालमेल बेहतर बनाने और सीट बंटवारे की बातचीत से पहले माहौल अनुकूल बनाए रखने की कोशिश कर रही है।
यह मुलाकात तीन दिन से बाज़ार में चल रहे राजनीतिक तनाव के बीच हुई है, जिसमें निषाद समाज के आरक्षण और मुकदमों को लेकर विवाद शामिल है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- संजय निषाद किस समुदायों के लिए सुविधाएं चाहते हैं?
- उन्होंने मजवार और तुरहा समुदाय को परिभाषित करने और उन्हें संबंधित सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की है।
- कसरवल कांड में किस तरह का मुकदमा दर्ज था?
- पुलिस ने निषाद कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 302 के तहत मुकदमा दर्ज किया था।
- विनोद तावड़े ने संगठन के लिए क्या कहा?
- उन्होंने संगठन के प्रत्येक पदाधिकारी, कार्यकर्ता और जनप्रतिनिधि से चुनावी तैयारी को सामूहिक प्रयास मानने और बूथ स्तर तक योजनाओं को पहुंचाने की जिम्मेदारी गंभीरता से निभाने को कहा।
- मुलाकात में कौन-कौन मौजूद थे?
- मुलाकात में भाजपा के विधायक सरवन निषाद, पूर्व सांसद प्रवीण निषाद, और अमित निषाद भी उपस्थित थे।
- भाजपा की आगामी विधानसभा चुनाव की क्या रणनीति है?
- भाजपा सहयोगी दलों से तालमेल बेहतर बनाकर सीट बंटवारे से पहले अनुकूल माहौल बनाने की कोशिश कर रही है।
AI-निर्मित · पूरी ख़बर से पुष्टि करें
50 free articles left today
0 of 50 free reads used today.
पाठकों की पसंद





Comments
0 threadsNo approved comments yet. Start the discussion.