मेवात इंजीनियरिंग कॉलेज में सुधार के लिए सीएम से बात करेंगे आफताब
विधायक ने कॉलेज की दुर्दशा और वेतन भुगतान में देरी पर चिंता जताई
हरियाणा के नूंह विधायक चौधरी आफताब अहमद ने मेवात इंजीनियरिंग कॉलेज की खराब स्थिति और स्टाफ को वेतन न मिलने की समस्या के समाधान के लिए मुख्यमंत्री से जल्द मुलाकात करने की बात कही है। उन्होंने कॉलेज की जर्जर इमारतों, शिक्षक कमियों और बुनियादी सुविधाओं के अभाव पर चिंता जताई है।
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हरियाणा के नूंह विधायक चौधरी आफताब अहमद ने मेवात इंजीनियरिंग कॉलेज की खराब स्थिति को लेकर मुख्यमंत्री से जल्द मुलाकात करने की बात कही है। उन्होंने बताया कि कॉलेज में इमारतें जर्जर हैं और स्टाफ को लगभग 5 महीने से वेतन नहीं मिला है।
आफताब अहमद ने कहा कि कॉलेज में कई शिक्षक हटाए गए हैं और कुछ को एक्सटेंशन नहीं दिया गया है, जिससे पढ़ाई प्रभावित हो रही है। हॉस्टल जैसी बुनियादी सुविधाओं का भी अभाव है। उन्होंने बताया कि इस मामले में गृह सचिव से बातचीत हो चुकी है और जल्द मुख्यमंत्री से भी बात की जाएगी ताकि सुधार हो सके।
विधायक ने जाकिर हुसैन को कॉलेज की बदहाली का जिम्मेदार बताया। उन्होंने कहा कि वाईएमडी कॉलेज नूंह में केवल दो शिक्षक नियमित हैं और रिक्त पदों पर भर्ती नहीं हो रही है। वाईएमडी कॉलेज को अब तक विश्वविद्यालय बनना चाहिए था, जबकि हाल ही में बना अल फलाह कॉलेज यूनिवर्सिटी बन गया है। आफताब ने आरोप लगाया कि जाकिर हुसैन मेवात के युवाओं को पढ़ते हुए नहीं देखना चाहते और यह उनकी सोची समझी रणनीति है।
पहले भी तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर से मुलाकात की गई थी, जिन्होंने कहा था कि इस कॉलेज को बर्बाद नहीं होने दिया जाएगा और इसके लिए कोई भी संघर्ष किया जाएगा।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- मौलिक समस्याओं में क्या शामिल हैं?
- कॉलेज की इमारतें जर्जर हैं और हॉस्टल जैसी सुविधाओं का अभाव है।
- आफताब अहमद ने किससे पहली बातचीत की है?
- उन्होंने इस मामले में गृह सचिव से बातचीत की है।
- पूर्व मुख्यमंत्री ने कॉलेज के बारे में क्या कहा था?
- मनोहर लाल खट्टर ने कहा था कि कॉलेज को बर्बाद नहीं होने दिया जाएगा और इसके लिए संघर्ष किया जाएगा।
- जाकिर हुसैन पर क्या आरोप लगाए गए हैं?
- उन पर मेवात के युवाओं को पढ़ने से रोकने की सोची समझी रणनीति अपनाने का आरोप है।
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