डोटासरा-जूली ने निकाय बोर्ड गठन में पुलिस दुरुपयोग का आरोप लगाया
कांग्रेस नेताओं ने बूंदी में पुलिस के दबाव और मुख्यमंत्री कार्यालय के आदेशों पर सवाल उठाए
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा और नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने बूंदी में निकाय बोर्ड गठन में पुलिस के दुरुपयोग और मुख्यमंत्री कार्यालय द्वारा थानेदारों को सीधे आदेश दिए जाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भाजपा के बहुमत वाले निकायों में पुलिस द्वारा पार्षदों को डराया जा रहा है और चुनाव प्रक्रिया में दबाव बनाया जा रहा है। विपक्ष ने सरकार पर पुलिस-प्रशासन का गलत इस्तेमाल करने का आरोप भी लगाया है।
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बूंदी। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा और नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली 20 सितंबर को बूंदी पहुंचे। उन्होंने निकाय बोर्ड गठन में पुलिस के दुरुपयोग और मुख्यमंत्री कार्यालय से थानेदारों को सीधे आदेश मिलने की बात कही।
डोटासरा ने बताया कि जिन निकायों में भाजपा को बहुमत नहीं मिला है, वहां पुलिस की घेराबंदी कर पार्षदों को डराया जा रहा है। उन्होंने कहा, "थानेदारों को सीधे मुख्यमंत्री कार्यालय से आदेश मिल रहे हैं।"
टीकाराम जूली ने कहा, "पुलिस के दम पर बोर्ड बनाना गलत है। पुलिस का एक ही काम रह गया है, पार्षदों को पकड़ना।" उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली से चार नेता आए हैं, जिन्होंने डीजीपी और मुख्य सचिव के सामने कहा है कि वे जो कहेंगे, वही होगा।
जूली ने यह भी कहा कि सरकार बाड़ेबंदी और पुलिस के दुरुपयोग में लगी है। उन्होंने कहा, "जहां पैसे की जरूरत है, वहां पैसा और जहां दबाव की जरूरत है, वहां पुलिस-प्रशासन का इस्तेमाल हो रहा है।" उन्होंने जनता के वोट के सम्मान की बात भी कही।
डोटासरा और जूली बूंदी में पूर्व मंत्री अशोक चांदना की माता के निधन पर शोक जताने आए थे। इस दौरान विधायक हरिमोहन शर्मा, सत्येश शर्मा, जिलाध्यक्ष महावीर मीणा और चर्मेश शर्मा भी मौजूद थे।
उन्होंने अस्पतालों में गर्भवती महिलाओं की मौत का उदाहरण देते हुए कहा कि दो दिन पहले बूंदी के जनाना अस्पताल में ऑपरेशन के बाद रेफर की गई दो गर्भवती महिलाओं की कोटा में मौत हो गई, बावजूद इसके मुख्यमंत्री ने वहां का दौरा नहीं किया।
पार्षदों को अपनी इच्छा से निर्णय लेने का अधिकार है। इस बीच, पार्षदों को पकड़ने के लिए 15 जगह छापे मारे गए हैं। भरतपुर में एक व्यापारी निर्दलीय चुनाव लड़ रहा था, उसकी होटल के सामने बुलडोजर से नापजोख कराकर नामांकन वापस लेने का दबाव डाला गया।
विपक्ष के आरोपों के बीच यह मामला तीन दिन से बाजार में चर्चा का विषय बना हुआ है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- डोटासरा और जूली बूंदी क्यों गए थे?
- वे पूर्व मंत्री अशोक चांदना की माता के निधन पर शोक जताने गए थे।
- टीकाराम जूली ने पुलिस के दुरुपयोग पर क्या कहा?
- उन्होंने कहा कि पुलिस का एकमात्र काम पार्षदों को पकड़ना रह गया है।
- प्रदेश में पुलिस के दुरुपयोग का क्या असर बताया गया है?
- सरकार पुलिस का इस्तेमाल दबाव बनाने और राजनीतिक फायदे के लिए कर रही है।
- भाजपा को बहुमत न मिलने वाले निकायों में क्या स्थिति है?
- वहाँ पुलिस द्वारा पार्षदों को डराने और दबाव बनाने की प्रक्रिया हो रही है।
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