National 2 MIN READ

विदेश मंत्री जयशंकर ने V4 देशों के समर्थन का स्वागत किया

पोलैंड, हंगरी, स्लोवाकिया और चेक गणराज्य ने भारत की स्थायी सदस्यता का समर्थन किया

विदेश मंत्री एस जयशंकर ने पोलैंड, हंगरी, स्लोवाकिया और चेक गणराज्य के समर्थन का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि ये देश रक्षा क्षेत्र में भारत के लंबे समय से सहयोगी रहे हैं और टेक्नोलॉजी व इनोवेशन में सहयोग बढ़ाने की संभावनाएं तलाशेंगे।
AI सार

विदेश मंत्री एस जयशंकर ने पोलैंड, हंगरी, स्लोवाकिया और चेक गणराज्य (V4 देशों) के भारत की संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में स्थायी सदस्यता के समर्थन का स्वागत किया। V4 समूह के सभी सदस्य इस मांग में भारत के साथ हैं, जो दशकों से परिषद विस्तार और स्थायी सदस्यता की मांग कर रहा है।

AI-निर्मित सार · पूरी ख़बर से पुष्टि करें

विदेश मंत्री एस जयशंकर और V4 देशों का समर्थन
विदेश मंत्री एस जयशंकर और V4 देशों का समर्थन / प्रतीकात्मक चित्र · निहारिका टाइम्स

निहारिका टाइम्स को Google पर अपना पसंदीदा सोर्स बनाए

Follow us on Google

विदेश मंत्री एस जयशंकर ने पोलैंड, हंगरी, स्लोवाकिया और चेक गणराज्य के समर्थन का स्वागत किया।

भारत कई दशकों से संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में स्थायी सदस्यता और वीटो पावर की दावेदारी कर रहा है। हालांकि चीन के विरोध के कारण यह अब तक संभव नहीं हो पाया है।

भारत का मानना है कि सुरक्षा परिषद में निष्पक्षता नहीं रह गई है और इसे विस्तार की आवश्यकता है। 1945 में स्थापना के बाद परिषद में केवल एक बार 1965 में विस्तार हुआ था, जिसमें स्थायी सदस्यों की संख्या नहीं बढ़ाई गई।

उन्होंने बताया कि चारों देशों में बड़ी संख्या में भारतीय छात्र भी मौजूद हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि V4 समूह के सभी सदस्य भारत को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में स्थायी सदस्यता मिलनी चाहिए।

भारत ने शांति अभियानों में योगदान देकर और ग्लोबल साउथ की आवाज़ बनकर अपनी स्थायी सदस्यता की योग्यता साबित की है।

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में पांच स्थायी सदस्य और दस अस्थायी सदस्य होते हैं, जो समय-समय पर बदलते रहते हैं। भारत ने पहली बार 1994 में स्थायी सीट की मांग की थी और 2000 में तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने भी इस दावे को दोहराया था।

V4 देश रक्षा क्षेत्र में लंबे समय से भारत के सहयोगी रहे हैं।

एस जयशंकर, विदेश मंत्री

पोलैंड, हंगरी, स्लोवाकिया और चेक गणराज्य भारत की दावेदारी के समर्थन में एकजुट हैं.

जुराज ब्लानार, विदेश मंत्री

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

भारत ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में स्थायी सदस्यता कब मांगनी शुरू की?
भारत ने पहली बार 1994 में स्थायी सदस्यता की मांग की थी।
भारत की स्थायी सदस्यता की दावेदारी क्यों प्रतिष्ठित है?
भारत ने शांति अभियानों में योगदान देकर और ग्लोबल साउथ की आवाज़ बनकर स्थायी सदस्यता की योग्यता साबित की है।
V4 समूह के सदस्य देशों का भारत से क्या संबंध है?
V4 देश रक्षा क्षेत्र में भारत के लंबे समय से सहयोगी रहे हैं।
सुरक्षा परिषद के विस्तार में अब तक क्या स्थिति रही है?
1965 के विस्तार में स्थायी सदस्यों की संख्या नहीं बढ़ाई गई थी, लेकिन भारत विस्तार की आवश्यकता पर जोर देता है।
क्या चीन की प्रतिक्रिया भारत के स्थायी सदस्यता दावे पर प्रभावित रही?
हाँ, चीन के विरोध के कारण भारत की स्थायी सदस्यता की दावेदारी अब तक संभव नहीं हो पाई है।

AI-निर्मित · पूरी ख़बर से पुष्टि करें

Member Access

50 free articles left today

0 of 50 free reads used today.

Go Unlimited
📲 हमसे जुड़ें ताज़ा खबरें सीधे आपके फोन पर — तुरंत, मुफ़्त
Telegram Channel

पाठकों की पसंद

सबसे ज़्यादा पढ़ी गईं

01 टेक्नोलॉजी Infinix Hot 70 Pro 5G भारत में लॉन्च, कीमत 22,999 रुपये से शुरू
02 National ONGC को ओडिशा के समुद्र में 1450 मीटर गहराई पर गैस मिली
03 राजस्थान निहालगंज में जनरल स्टोर से 80 हजार रुपए चोरी
04 राजनीति केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया सोशल मीडिया पर ट्रोल
Trust & Transparency

How this story was handled

Published22 सितंबर 2026, 11:32 IST IST
Last updated22 सितंबर 2026, 11:32 IST IST
Latest newsroom actionnews-desk (section_editor)
Story lifecyclePublish
Methodology

How to read this report

Coverage is filed under National and aligned with that desk's editorial standards.
Key topic markers used in this story: मंत्री एस जयशंकर.
Update Log

Recent newsroom changes

The Editorial Desk published this story as published

Continuing Coverage

More on this story

Latest context and follow-up reading from National.

National

भारत 2030 तक बनाएगा 350 किमी प्रति घंटे की स्वदेशी बुलेट ट्रेन

National

गूगल बच्चों के यौन शोषण की रिपोर्ट सीधे भारत को देगा

बिजनेस

एस जयशंकर ने पोलैंड में व्यापार और रक्षा पर चर्चा की

दुनिया

भारत को V4 देशों का समर्थन, स्थायी सदस्यता में उभरती महाशक्ति बताया

बिजनेस

अमेरिका ने रूस से तेल खरीदने वाले देशों पर 100% टैरिफ लगाने का प्रस्ताव रखा

Recommended Stories

More from National
भारत 2030 तक बनाएगा 350 किमी प्रति घंटे की स्वदेशी बुलेट ट्रेन
National
इससे जुड़ी ख़बरें

भारत 2030 तक बनाएगा 350 किमी प्रति घंटे की स्वदेशी बुलेट ट्रेन

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 20 सितंबर 2026
गूगल बच्चों के यौन शोषण की रिपोर्ट सीधे भारत को देगा
National
इसी श्रेणी की और ख़बरें

गूगल बच्चों के यौन शोषण की रिपोर्ट सीधे भारत को देगा

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 22 सितंबर 2026
एस जयशंकर ने पोलैंड में व्यापार और रक्षा पर चर्चा की
बिजनेस
इससे जुड़ी ख़बरें

एस जयशंकर ने पोलैंड में व्यापार और रक्षा पर चर्चा की

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 5 सितंबर 2026
भारत को V4 देशों का समर्थन, स्थायी सदस्यता में उभरती महाशक्ति बताया
दुनिया
इससे जुड़ी ख़बरें

भारत को V4 देशों का समर्थन, स्थायी सदस्यता में उभरती महाशक्ति बताया

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 22 सितंबर 2026
अमेरिका ने रूस से तेल खरीदने वाले देशों पर 100% टैरिफ लगाने का प्रस्ताव रखा
बिजनेस
इससे जुड़ी ख़बरें

अमेरिका ने रूस से तेल खरीदने वाले देशों पर 100% टैरिफ लगाने का प्रस्ताव रखा

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 16 सितंबर 2026
भारत ने नेपाल को पांचवां राहत विमान भेजा, 68 टन से अधिक सामग्री पहुंचाई
दुनिया
इससे जुड़ी ख़बरें

भारत ने नेपाल को पांचवां राहत विमान भेजा, 68 टन से अधिक सामग्री पहुंचाई

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 2 सितंबर 2026

पाठकों की पसंद

सबसे ज़्यादा पढ़ी गईं

01 टेक्नोलॉजी Infinix Hot 70 Pro 5G भारत में लॉन्च, कीमत 22,999 रुपये से शुरू
02 National ONGC को ओडिशा के समुद्र में 1450 मीटर गहराई पर गैस मिली
03 राजस्थान निहालगंज में जनरल स्टोर से 80 हजार रुपए चोरी
04 राजनीति केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया सोशल मीडिया पर ट्रोल

Comments

0 threads
Join the discussion
Staff comments are highlighted. Verified readers receive a trust badge.
Sign in to comment

No approved comments yet. Start the discussion.