राजनीति 2 MIN READ

मायावती के समधी अशोक सिद्धार्थ बने सियासी दुश्मन

दिल्ली चुनाव में हार के बाद बसपा से निष्कासित हुए अशोक सिद्धार्थ

बसपा प्रमुख मायावती के समधी और पूर्व राज्यसभा सदस्य अशोक सिद्धार्थ अब उनके सियासी विरोधी बन गए हैं। दिल्ली विधानसभा चुनाव में पार्टी की हार के बाद उन्हें निष्कासित कर दिया गया। मायावती ने पार्टी विरोधी गतिविधियों को कारण बताया।
AI सार

बसपा प्रमुख मायावती के समधी और पूर्व राज्यसभा सदस्य अशोक सिद्धार्थ को दिल्ली विधानसभा चुनाव में पार्टी की हार के बाद निष्कासित कर दिया गया है। अशोक सिद्धार्थ और उनके ससुराल पक्ष पर पार्टी विरोधी गतिविधियों का आरोप लगाया गया है। अशोक ने पिछली बार बसपा में कई पद संभाले थे और मायावती के कहने पर पार्टी के लिए काम किया था।

AI-निर्मित सार · पूरी ख़बर से पुष्टि करें

मायावती के समधी अशोक सिद्धार्थ की राजनीतिक स्थिति
मायावती के समधी अशोक सिद्धार्थ की राजनीतिक स्थिति / सोशल मीडिया

निहारिका टाइम्स को Google पर अपना पसंदीदा सोर्स बनाए

Follow us on Google

बसपा प्रमुख मायावती के समधी और पूर्व राज्यसभा सदस्य अशोक सिद्धार्थ अब उनके सियासी विरोधी बन गए हैं। दिल्ली विधानसभा चुनाव में पार्टी की हार के बाद उन्हें निष्कासित कर दिया गया। मायावती ने पार्टी विरोधी गतिविधियों को कारण बताया।

अशोक सिद्धार्थ की पत्नी सुनीता बसपा सरकार के दौरान राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष रह चुकी हैं। उनकी बेटी डॉ. प्रज्ञा सिद्धार्थ का विवाह मायावती के बड़े भतीजे आकाश आनंद से तीन वर्ष पहले हुआ था। मायावती ने अशोक को कई राज्यों की कमान सौंपी और उनका कद बढ़ाया।

दिल्ली चुनाव में हार के बाद रिश्तों में खटास आई और मायावती ने अशोक को पार्टी से निष्कासित कर दिया। उनके ससुराल पक्ष के प्रभाव के कारण आकाश आनंद को भी पार्टी से बाहर किया गया। मायावती ने कहा था कि आकाश पर अपने ससुर और उनकी पत्नी का प्रभाव पार्टी के लिए सकारात्मक नहीं था।

अशोक को कई बार सुधार का मौका दिया गया, लेकिन उन्होंने पार्टी के मिशन से अधिक निजी और पारिवारिक स्वार्थों को महत्व दिया। लगभग 61 वर्षीय अशोक झांसी के बुंदेलखंड विश्वविद्यालय के महारानी लक्ष्मी बाई मेडिकल कालेज से डिप्लोमा करने के बाद स्वास्थ्य विभाग में नौकरी कर चुके हैं।

कन्नौज में कर्मचारी संगठन में सक्रिय रहते हुए वे बसपा प्रमुख से जुड़े। मायावती के कहने पर उन्होंने नौकरी छोड़कर पार्टी के लिए काम करना शुरू किया। वर्ष 2009 में बसपा सरकार में उन्हें छह वर्ष के लिए एमएलसी बनाया गया। कार्यकाल खत्म होने के बाद जुलाई 2016 में उन्हें छह वर्ष के लिए राज्यसभा भेजा गया था।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

अशोक सिद्धार्थ को पार्टी से क्यों निष्कासित किया गया?
मायावती ने पार्टी विरोधी गतिविधियों और निजी स्वार्थ प्राथमिकता को कारण बताया।
अशोक सिद्धार्थ का पारिवारिक संबंध मायावती से कैसा था?
उनकी बेटी का विवाह मायावती के बड़े भतीजे आकाश आनंद से हुआ था।
अशोक सिद्धार्थ ने पार्टी के लिए कैसे काम किया?
उन्होंने नौकरी छोड़कर पूरी तरह पार्टी कार्य में जुट गए।
अशोक सिद्धार्थ की पेशेवर पृष्ठभूमि क्या है?
वे स्वास्थ्य विभाग में नौकरी कर चुके हैं और डिप्लोमा धारक हैं।
आकाश आनंद का पार्टी से निष्कासन क्यों हुआ?
अशोक सिद्धार्थ और उनकी पत्नी के प्रभाव के कारण आकाश के खिलाफ निर्णय लिया गया।

AI-निर्मित · पूरी ख़बर से पुष्टि करें

Member Access

50 free articles left today

0 of 50 free reads used today.

Go Unlimited
📲 हमसे जुड़ें ताज़ा खबरें सीधे आपके फोन पर — तुरंत, मुफ़्त
Telegram Channel

पाठकों की पसंद

सबसे ज़्यादा पढ़ी गईं

01 शिक्षा तमिलनाडु सरकार ने किसानों-शिक्षकों पर दर्ज केस वापस लेने का एलान किया
02 राजस्थान निहालगंज में जनरल स्टोर से 80 हजार रुपए चोरी
03 मौसम कनॉट प्लेस जलभराव के बाद एनडीएमसी ने अभियंता संजय वर्मा को निलंबित किया
04 राजनीति गौरीपुर-खेकड़ा हाईवे की मरम्मत पूरी, पुल निर्माण जल्द शुरू
Trust & Transparency

How this story was handled

Published11 सितंबर 2026, 14:50 IST IST
Last updated11 सितंबर 2026, 14:50 IST IST
Latest newsroom actionnews-desk (section_editor)
Story lifecyclePublish
Methodology

How to read this report

Coverage is filed under राजनीति and aligned with that desk's editorial standards.
Key topic markers used in this story: राजनीति.
Update Log

Recent newsroom changes

The Editorial Desk published this story as published

Continuing Coverage

More on this story

Latest context and follow-up reading from राजनीति.

राजनीति

मायावती ने आकाश आनंद की वापसी की शर्त रखी

राजनीति

मायावती ने अशोक सिद्धार्थ को राजनीति से संन्यास लेने को कहा

बिजनेस

बसपा में ससुर-दामाद के बीच सत्ता संघर्ष तेज

खेल

मायावती ने BSP की 2027 की रणनीति में बड़े बदलाव किए

धर्म / अध्यात्म

मायावती ने भतीजों पर कड़ा रुख अपनाया

मायावती ने आकाश आनंद की वापसी की शर्त रखी
राजनीति
इससे जुड़ी ख़बरें

मायावती ने आकाश आनंद की वापसी की शर्त रखी

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 9 सितंबर 2026
मायावती ने अशोक सिद्धार्थ को राजनीति से संन्यास लेने को कहा
राजनीति
इससे जुड़ी ख़बरें

मायावती ने अशोक सिद्धार्थ को राजनीति से संन्यास लेने को कहा

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 9 सितंबर 2026
बसपा में ससुर-दामाद के बीच सत्ता संघर्ष तेज
बिजनेस
इससे जुड़ी ख़बरें

बसपा में ससुर-दामाद के बीच सत्ता संघर्ष तेज

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 11 सितंबर 2026
मायावती ने BSP की 2027 की रणनीति में बड़े बदलाव किए
खेल
इससे जुड़ी ख़बरें

मायावती ने BSP की 2027 की रणनीति में बड़े बदलाव किए

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 17 सितंबर 2026
मायावती ने भतीजों पर कड़ा रुख अपनाया
धर्म / अध्यात्म
इससे जुड़ी ख़बरें

मायावती ने भतीजों पर कड़ा रुख अपनाया

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 13 सितंबर 2026
संजय निषाद ने आकाश आनंद को पार्टी में सम्मान और पद का भरोसा दिया
धर्म / अध्यात्म
इससे जुड़ी ख़बरें

संजय निषाद ने आकाश आनंद को पार्टी में सम्मान और पद का भरोसा दिया

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 5 सितंबर 2026
मायावती ने आकाश आनंद को पार्टी से पूरी तरह मुक्त किया
राज्य
इससे जुड़ी ख़बरें

मायावती ने आकाश आनंद को पार्टी से पूरी तरह मुक्त किया

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 10 सितंबर 2026

पाठकों की पसंद

सबसे ज़्यादा पढ़ी गईं

01 शिक्षा तमिलनाडु सरकार ने किसानों-शिक्षकों पर दर्ज केस वापस लेने का एलान किया
02 राजस्थान निहालगंज में जनरल स्टोर से 80 हजार रुपए चोरी
03 मौसम कनॉट प्लेस जलभराव के बाद एनडीएमसी ने अभियंता संजय वर्मा को निलंबित किया
04 राजनीति गौरीपुर-खेकड़ा हाईवे की मरम्मत पूरी, पुल निर्माण जल्द शुरू

Comments

0 threads
Join the discussion
Staff comments are highlighted. Verified readers receive a trust badge.
Sign in to comment

No approved comments yet. Start the discussion.