दीपांशु शौकीन ने दिल्ली यूनिवर्सिटी चुनाव में बढ़त बनाई
निर्दलीय उम्मीदवार 18,943 वोट के साथ उपाध्यक्ष पद में आगे
दिल्ली विश्वविद्यालय छात्रसंघ चुनाव में उपाध्यक्ष पद के लिए निर्दलीय उम्मीदवार दीपांशु शौकीन ने 18,943 वोट लेकर बढ़त बनायी है, जबकि उनके निकटतम प्रतिद्वंदी एबीवीपी की इशु मौर्या को 9,680 वोट मिले हैं। शौकीन ने एनएसयूआई से टिकट न मिलने के बाद निर्दलीय मैदान में उतरकर चुनाव लड़ा है।
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दिल्ली यूनिवर्सिटी छात्रसंघ चुनाव में उपाध्यक्ष पद के लिए निर्दलीय उम्मीदवार दीपांशु शौकीन 18,943 वोट लेकर सबसे आगे चल रहे हैं। उनके निकटतम प्रतिद्वंदी एबीवीपी की इशु मौर्या 9,680 वोटों के साथ दूसरे स्थान पर हैं।
दीपांशु शौकीन दिल्ली के बाहरी इलाके पीरागढ़ गांव के निवासी हैं। उनके पिता बस कंडक्टर और मां आंगनवाड़ी कार्यकर्ता हैं। शौकीन ने भगत सिंह कॉलेज से स्नातक की पढ़ाई पूरी की है और वर्तमान में डिपार्टमेंट ऑफ बुद्धिस्ट स्टडीज में छात्र हैं।
उन्होंने कहा था कि नंगे पैर चलने से होने वाला दर्द उन्हें उन छात्रों की परेशानियों की याद दिलाता है, जिनकी आवाज़ वह उठाना चाहते हैं। शौकीन ने बताया कि जब तक पीड़ित छात्रों को न्याय नहीं मिलता, तब तक उनका सत्याग्रह जारी रहेगा।
परिवार की इच्छा थी कि वह यूपीएससी क्रैक करके आईएएस बनें, लेकिन उन्होंने साफ कह दिया कि वे राजनीति में जाना चाहते हैं। इसी सोच के साथ उन्होंने छात्र राजनीति को अपने करियर की दिशा बनाया।
निर्दलीय उम्मीदवार बनने से पहले शौकीन ने एनएसयूआई से टिकट मांगा था, लेकिन संगठन ने नामांकन वापस लेने को कहा। उन्होंने ऐसा करने से इनकार कर दिया और चुनावी मैदान में निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में उतरे।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- दीपांशु शौकीन ने अपने सत्याग्रह की वजह क्या बताई?
- उन्होंने कहा कि नंगे पैर चलने से होने वाला दर्द उन्हें पीड़ित छात्रों की याद दिलाता है, जिन्होंने न्याय की मांग की है।
- दीपांशु शौकीन का परिवार उनके करियर के बारे में क्या चाहता था?
- परिवार चाहता था कि वह यूपीएससी पास करके आईएएस बनें, लेकिन शौकीन ने राजनीति को चुना।
- दीपांशु शौकीन ने छात्र राजनीति में कैसे कदम रखा?
- उन्होंने पहले एनएसयूआई से टिकट मांगा था, लेकिन नामांकन वापस लेने से इनकार करके निर्दलीय उम्मीदवार बना।
- दीपांशु शौकीन वर्तमान में किस विभाग के छात्र हैं?
- वे डिपार्टमेंट ऑफ बुद्धिस्ट स्टडीज में छात्र हैं।
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