कानून / कोर्ट मध्य प्रदेश 2 MIN READ

मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने FIR की मांग खारिज की

इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में मृतक का बयान निर्णायक मृत्युपूर्व बयान नहीं माना

मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने कहा है कि इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के सामने मृतक का कथित बयान मृत्युपूर्व बयान नहीं माना जा सकता। इसी आधार पर कोर्ट ने पुलिसकर्मियों के खिलाफ FIR दर्ज कराने की याचिका को खारिज कर दिया। याचिकाकर्ता को मजिस्ट्रेट के समक्ष साक्ष्य प्रस्तुत करने की अनुमति दी गई है।
AI सार

मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने लॉकडाउन के दौरान पुलिस द्वारा मारपीट के मामले में मृतक के कथित इलेक्ट्रॉनिक मीडिया बयान को मृत्युपूर्व बयान नहीं माना और FIR दर्ज कराने की याचिका खारिज कर दी। कोर्ट ने याचिकाकर्ता को मजिस्ट्रेट के समक्ष साक्ष्य प्रस्तुत करने और धारा 200 व 202 के तहत कार्रवाई का विकल्प दिया है।

AI-निर्मित सार · पूरी ख़बर से पुष्टि करें

मध्य प्रदेश हाई कोर्ट का फैसला
मध्य प्रदेश हाई कोर्ट का फैसला / सोशल मीडिया

निहारिका टाइम्स को Google पर अपना पसंदीदा सोर्स बनाए

Follow us on Google

मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने कहा है कि इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के सामने मृतक का कथित बयान मृत्युपूर्व बयान नहीं माना जा सकता। इसी आधार पर कोर्ट ने पुलिसकर्मियों के खिलाफ FIR दर्ज कराने की याचिका को खारिज कर दिया। याचिकाकर्ता को मजिस्ट्रेट के समक्ष साक्ष्य प्रस्तुत करने की अनुमति दी गई है।

याचिकाकर्ता पूनम कुशवाहा ने आरोप लगाया था कि 16 अप्रैल 2020 को लॉकडाउन के दौरान जबलपुर के गोराबाजार थाने में उनके पति बंशीलाल कुशवाहा के साथ एक पुलिस अधिकारी ने मारपीट की। इसके चार दिन बाद 20 अप्रैल को बंशीलाल की मौत हो गई। पूनम का दावा था कि मौत से पहले बंशीलाल ने इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के सामने उस पुलिस अधिकारी का नाम लिया था।

याचिका में फोटो, समाचार पत्रों की कतरनें, मर्ग से संबंधित दस्तावेज और 50 हजार रुपये की अनुग्रह राशि दिए जाने का उल्लेख भी था। मामले में मजिस्ट्रेट ने मर्ग जांच के दौरान आरोप की पुष्टि न होने के कारण FIR दर्ज करने से इनकार किया था। इसके बाद सत्र अदालत ने भी मजिस्ट्रेट के आदेश को बरकरार रखा।

हाई कोर्ट ने सुनवाई के दौरान स्पष्ट किया कि केवल अनुग्रह राशि दिए जाने से हत्या या पुलिसकर्मी की भूमिका स्वतः सिद्ध नहीं होती। अदालत ने कहा कि कानून के तहत धारा 200 और 202 के अंतर्गत आगे की कार्यवाही का रास्ता खुला है। FIR दर्ज कराने की मांग को अदालत ने स्वीकार नहीं किया, लेकिन याचिकाकर्ता को मजिस्ट्रेट के समक्ष कानूनी उपाय अपनाने की स्वतंत्रता दी गई है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

क्या हाई कोर्ट ने याचिकाकर्ता को कोई विकल्प दिया?
हाई कोर्ट ने याचिकाकर्ता को मजिस्ट्रेट के समक्ष साक्ष्य प्रस्तुत करने और कानूनी उपाय अपनाने की अनुमति दी।
याचिका में कौन-कौन से दस्तावेज शामिल थे?
याचिका में फोटो, समाचार पत्रों की कटिंग, मर्ग से संबंधित दस्तावेज और अनुग्रह राशि का उल्लेख था।
मर्ग जांच का क्या निष्कर्ष था?
मर्ग जांच के दौरान आरोप की पुष्टि नहीं हुई, इसलिए FIR दर्ज करने से मना किया गया।
क्या अनुग्रह राशि से पुलिसकर्मी की भूमिका सिद्ध होती है?
अदालत ने स्पष्ट किया कि केवल अनुग्रह राशि दिए जाने से हत्या या पुलिसकर्मी की भूमिका स्वतः सिद्ध नहीं होती।

AI-निर्मित · पूरी ख़बर से पुष्टि करें

Member Access

50 free articles left today

0 of 50 free reads used today.

Go Unlimited
📲 हमसे जुड़ें ताज़ा खबरें सीधे आपके फोन पर — तुरंत, मुफ़्त
Telegram Channel

पाठकों की पसंद

सबसे ज़्यादा पढ़ी गईं

01 टेक्नोलॉजी Infinix Hot 70 Pro 5G भारत में लॉन्च, कीमत 22,999 रुपये से शुरू
02 शिक्षा तमिलनाडु सरकार ने किसानों-शिक्षकों पर दर्ज केस वापस लेने का एलान किया
03 मौसम कनॉट प्लेस जलभराव के बाद एनडीएमसी ने अभियंता संजय वर्मा को निलंबित किया
04 राजनीति गौरीपुर-खेकड़ा हाईवे की मरम्मत पूरी, पुल निर्माण जल्द शुरू
Trust & Transparency

How this story was handled

Published17 सितंबर 2026, 04:23 IST IST
Last updated17 सितंबर 2026, 04:23 IST IST
Latest newsroom actionnews-desk (section_editor)
Story lifecyclePublish
Methodology

How to read this report

Coverage is filed under कानून / कोर्ट and aligned with that desk's editorial standards.
Key topic markers used in this story: कानून-अदालत.
Update Log

Recent newsroom changes

The Editorial Desk published this story as published

Continuing Coverage

More on this story

Latest context and follow-up reading from कानून / कोर्ट.

कानून / कोर्ट

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने विवेचना में गवाहों के बयान रिकॉर्डिंग अनिवार्य की

कानून / कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने यूपीआई चार्ज और फर्जी मेडिकल डिग्री याचिका खारिज की

नौकरी / करियर

उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश में 2300 से अधिक पदों पर भर्ती

मौसम

जमशेदपुर में तेज हवा के साथ बारिश की संभावना बढ़ी

शिक्षा

राहुल गांधी ने इंदौर में छात्रों से शिक्षा और रोजगार पर संवाद किया

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने विवेचना में गवाहों के बयान रिकॉर्डिंग अनिवार्य की
कानून / कोर्ट
इससे जुड़ी ख़बरें

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने विवेचना में गवाहों के बयान रिकॉर्डिंग अनिवार्य की

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 18 सितंबर 2026
सुप्रीम कोर्ट ने यूपीआई चार्ज और फर्जी मेडिकल डिग्री याचिका खारिज की
कानून / कोर्ट
इससे जुड़ी ख़बरें

सुप्रीम कोर्ट ने यूपीआई चार्ज और फर्जी मेडिकल डिग्री याचिका खारिज की

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 16 सितंबर 2026
उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश में 2300 से अधिक पदों पर भर्ती
नौकरी / करियर
इससे जुड़ी ख़बरें

उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश में 2300 से अधिक पदों पर भर्ती

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 14 सितंबर 2026
जमशेदपुर में तेज हवा के साथ बारिश की संभावना बढ़ी
मौसम
इससे जुड़ी ख़बरें

जमशेदपुर में तेज हवा के साथ बारिश की संभावना बढ़ी

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 7 सितंबर 2026
राहुल गांधी ने इंदौर में छात्रों से शिक्षा और रोजगार पर संवाद किया
शिक्षा
इससे जुड़ी ख़बरें

राहुल गांधी ने इंदौर में छात्रों से शिक्षा और रोजगार पर संवाद किया

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 21 सितंबर 2026
सुप्रीम कोर्ट ने दोबारा गिरफ्तारी के लिए मजिस्ट्रेट की मंजूरी जरूरी की
क्राइम
इससे जुड़ी ख़बरें

सुप्रीम कोर्ट ने दोबारा गिरफ्तारी के लिए मजिस्ट्रेट की मंजूरी जरूरी की

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 21 सितंबर 2026
मध्य प्रदेश में मानसून का कोटा 89.3 प्रतिशत पूरा
मौसम
इससे जुड़ी ख़बरें

मध्य प्रदेश में मानसून का कोटा 89.3 प्रतिशत पूरा

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 19 सितंबर 2026
सीजेआई सूर्यकांत ने छात्र को पांच लाख रुपये का नोटिस मिलने पर जताई नाराजगी
National
इससे जुड़ी ख़बरें

सीजेआई सूर्यकांत ने छात्र को पांच लाख रुपये का नोटिस मिलने पर जताई नाराजगी

निहारिका टाइम्स न्यूज़ डेस्क• 9 सितंबर 2026

पाठकों की पसंद

सबसे ज़्यादा पढ़ी गईं

01 टेक्नोलॉजी Infinix Hot 70 Pro 5G भारत में लॉन्च, कीमत 22,999 रुपये से शुरू
02 शिक्षा तमिलनाडु सरकार ने किसानों-शिक्षकों पर दर्ज केस वापस लेने का एलान किया
03 मौसम कनॉट प्लेस जलभराव के बाद एनडीएमसी ने अभियंता संजय वर्मा को निलंबित किया
04 राजनीति गौरीपुर-खेकड़ा हाईवे की मरम्मत पूरी, पुल निर्माण जल्द शुरू

Comments

0 threads
Join the discussion
Staff comments are highlighted. Verified readers receive a trust badge.
Sign in to comment

No approved comments yet. Start the discussion.