पंजाब में पराली जलाने की टेंशन खत्म, खेतों में आलू उगाने का सुझाव
कृषि वैज्ञानिकों ने पराली जलाए बिना आलू की फसल से पानी की बचत और प्रदूषण नियंत्रण का रास्ता बताया
पंजाब में पराली जलाने के मामले घटे हैं और आईसीएआर के शोध के अनुसार पराली वाले खेतों में आलू की फसल उगाने से न सिर्फ पराली का निस्तारण होगा बल्कि पानी की खपत भी 50 प्रतिशत तक कम होगी। प्रशासन ने पराली जलाने पर कड़े निर्देश दिए हैं और किसानों को जागरूक किया जा रहा है।
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पंजाब। पंजाब में पराली जलाने के मामले कम हुए हैं और अब कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों के लिए नई उम्मीद जगाई है। आईसीएआर के शोध के अनुसार, पराली वाले खेतों में आलू की फसल उगाकर न केवल पराली का निस्तारण होगा, बल्कि पानी की खपत भी कम होगी।
आईसीएआर के सेंट्रल इंस्टीट्यूट फॉर वूमेन इन एग्रीकल्चर के कृषि वैज्ञानिक सुकांता षडंगी ने शोध के जरिए बताया कि किसान पराली वाले खेत में आलू की फसल उगा सकते हैं। इससे खेत में नमी बनी रहेगी और पानी की खपत 50 प्रतिशत तक कम हो सकेगी। इस खोज से पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में पराली जलाने की शिकायतें खत्म हो सकती हैं।
सुकांता षडंगी ने कहा, "पराली में उगाया गया आलू बिना स्प्रे के भी 4 से 6 महीने खराब नहीं होता।" उन्होंने बताया कि इससे किसान की पैदावार में 25 से 50 प्रतिशत की वृद्धि होगी और आलू की नकद फसल भी बढ़ेगी।
पंजाब रिमोट सेंसिंग सेंटर की सैटेलाइट मॉनिटरिंग के अनुसार, 15 से 20 सितंबर के बीच राज्य में पराली जलाने के 15 मामले दर्ज हुए हैं, जो पिछले दो वर्षों की तुलना में कम हैं। अमृतसर जिले में सबसे अधिक 7 मामले सामने आए हैं।
पिछले दो वर्षों में पराली जलाने के मामले घटे हैं; 2025 में 5,114 और 2024 में 10,909 मामले दर्ज हुए थे। इस साल शुरुआती छह दिनों में 15 मामले दर्ज हुए हैं, जबकि 2025 और 2024 में इसी अवधि में अधिक मामले थे।
प्रशासन ने किसानों को जागरूक करने के साथ कड़े दिशा-निर्देश जारी किए हैं ताकि पराली जलाने की घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके।
हालांकि राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में पराली जलाने की भूमिका पर कोई ठोस प्रमाण नहीं है, लेकिन हर बार जाड़े में प्रदूषण बढ़ने पर किसानों पर आरोप लगते रहे हैं। इस नई खोज से पराली जलाने की समस्या कम होने की उम्मीद है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- किसान पराली वाले खेत में आलू क्यों उगाएं?
- इससे खेत में नमी बनी रहती है और पराली का निस्तारण होता है, जिससे पर्यावरण को लाभ मिलता है।
- क्या आलू की फसल बिना स्प्रे के सुरक्षित रहती है?
- सुकांता षडंगी के अनुसार, पराली में उगाया गया आलू 4 से 6 महीने खराब नहीं होता।
- प्रशासन ने पराली जलाने को रोकने के लिए क्या कदम उठाए हैं?
- किसानों को जागरूक किया जा रहा है और कड़े दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।
- क्या राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में पराली जलाने का कोई प्रमाण है?
- राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में पराली जलाने की भूमिका पर कोई ठोस प्रमाण नहीं है।
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